दोषों पर नहीं अच्छाइयों पर ध्यान दें

0
210

मानवभारती स्कूल परिसर में श्रीमद्भगवद्गीता स्वाध्याय केंद्रम् में व्याख्यान देते हुए डॉ. अनंतमणि त्रिवेदी ने कहा कि व्यक्ति के दोषों को नहीं बल्कि उसकी अच्छाइयों पर ध्यान देते हुए प्रेरणा लेनी चाहिए। इससे सकारात्मक ऊर्जा हासिल होती है।

उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति में अच्छाइयां होती हैं और कमियां भी। हमें उसकी बुराइयों पर ध्यान देने और उस पर चर्चा करने की बजाय उसकी अच्छाइयों को आत्मसात करना चाहिए। उसकी अच्छाइयों पर चर्चा करनी चाहिए, क्योंकि इससे सकारात्मक और रचनात्मक कार्यों को करने की प्रेरणा मिलती है।

उन्होंने कहा कि जो भी मनुष्य दोषदृष्टि से रहित और श्रद्धायुक्त होकर अच्छे मत का अनुसरण करते हैं, वे संपूर्ण कर्मों से छूट जाते हैं, लेकिन जो दोषारोपण करते हुए इस मत के अनुसार नहीं चलते हैं, उनको हानि उठानी पड़ती है। उन्होंने कहा कि छात्र-छात्राओं को अनुशासन में रहकर अपने कर्तव्यों का पालन करना चाहिए। हमेशा सकारात्मक विचारों और व्यवस्थित दिनचर्या को आत्मसात करना चाहिए।स्वाध्याय केंद्र में अंजली पंवार, निहारिका, मणिका, कशिश पंवार, अमन रावत आदि छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। बच्चों ने श्लोक वाचन किया।

 

LEAVE A REPLY